
उत्तर प्रदेश में 7,994 पदों पर निकली राजस्व लेखपाल भर्ती एक बार फिर विवादों के घेरे में है, इस बार विवाद का मुख्य कारण आरक्षण का गणित और ओबीसी (OBC) वर्ग के लिए आवंटित पदों की संख्या में आया 717 पदों का भारी अंतर है, इस विसंगति के सामने आने के बाद अब भर्ती प्रक्रिया और पदों की संख्या में बड़े बदलाव के संकेत मिल रहे हैं।
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क्या है पूरा विवाद?
दिसंबर 2025 में उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) द्वारा जारी विज्ञापन के अनुसार, कुल 7,994 पदों पर भर्ती निकाली गई है नियमानुसार, अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) को 27 प्रतिशत आरक्षण मिलना चाहिए, जिसके तहत करीब 2,158 पद आरक्षित होने चाहिए थे, लेकिन जारी विज्ञापन में ओबीसी के लिए मात्र 1,441 पद ही घोषित किए गए हैं, यह अंतर सीधे तौर पर 717 पदों का है, जिसे लेकर अभ्यर्थियों में भारी आक्रोश है।
मुख्यमंत्री की कड़ी नाराजगी और सख्त कार्रवाई के निर्देश
मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राजस्व परिषद के अधिकारियों को जमकर फटकार लगाई है, शासन स्तर पर हुई उच्च स्तरीय बैठक में सीएम ने स्पष्ट किया कि आरक्षण के नियमों में किसी भी तरह का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, उन्होंने इस लापरवाही के लिए जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने और डेटा की दोबारा समीक्षा करने के निर्देश दिए हैं।
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क्या फिर से बदलेगी पदों की संख्या?
सूत्रों की मानें तो राजस्व परिषद अब जिला स्तर पर रिक्तियों के आंकड़ों का पुनः सत्यापन (Re-verification) कर रहा है, विभाग एक सप्ताह के भीतर आयोग को संशोधित अधियाचन भेज सकता है, ऐसे में श्रेणीवार (OBC, SC, ST और EWS) पदों की संख्या में बड़ा फेरबदल होना तय माना जा रहा है।
अभ्यर्थियों के लिए महत्वपूर्ण जानकारी
- PET 2025 अनिवार्य: इस भर्ती प्रक्रिया में केवल वही अभ्यर्थी भाग ले सकेंगे जिन्होंने PET 2025 की परीक्षा दी है और निर्धारित कट-ऑफ अंक प्राप्त किए हैं।
- आवेदन की समय सीमा: आधिकारिक कैलेंडर के अनुसार, आवेदन प्रक्रिया 29 दिसंबर 2025 से शुरु होकर 28 जनवरी 2026 तक चलेगी।
- पदों का विवरण: वर्तमान में कुल पद 7,994 हैं, लेकिन संशोधित अधियाचन के बाद इसमें बदलाव संभव है।
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आरक्षण विवाद के कारण अब सबकी नजरें राजस्व परिषद के नए आंकड़ों पर टिकी हैं, अभ्यर्थियों को सलाह दी जाती है कि वे किसी भी भ्रम से बचने के लिए UPSSSC की आधिकारिक वेबसाइट पर पैनी नजर बनाए रखें, भर्ती में देरी न हो, इसके लिए शासन स्तर पर युद्ध स्तर पर कार्य जारी है।

















